बुलंदशहर:उत्तर प्रदेश के जनपद बुलंदशहर में बेखौफ अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना खुर्जा नगर पुलिस और स्वाट टीम (देहात) को बड़ी सफलता मिली है।
रिपोर्ट दीपक चौहान
हत्या की वारदात में वांछित ₹25,000 के इनामी बदमाश चेतन को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद घायलावस्था में गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस को देखते ही चलाई गोलियां, जवाबी कार्रवाई में लगा निशानाघटना 30 अगस्त 2026 की है। पुलिस और स्वाट टीम समसपुर चौकी क्षेत्र के कमालपुर रोड पर चेकिंग अभियान पर थी। इसी दौरान एक संदेहास्पद बुलेट मोटरसाइकिल पर सवार युवक आता दिखाई दिया।
एनकाउंटर का घटनाक्रम:
रोकने की कोशिश: पुलिस टीम के इशारा करने पर बाइक सवार रुका नहीं, बल्कि गाड़ी मोड़कर झाझर रोड से कमालपुर जंगल की ओर तेज रफ्तार में भागने लगा।
बाइक फिसली: कुछ दूर जाकर अनियंत्रित होकर बाइक गिर गई।
फायरिंग: खुद को घिरता देख बदमाश ने पुलिस टीम को निशाना बनाते हुए सीधे जानलेवा फायरिंग शुरू कर दी।
आत्मरक्षार्थ कार्रवाई: पुलिस टीम की तरफ से की गई सटीक जवाबी कार्रवाई में बदमाश के पैर में गोली लगी और वह लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ा।
अस्पताल में भर्ती, मौके से असलहा व बुलेट बरामद
घायल बदमाश की पहचान चेतन पुत्र नरेश (निवासी: ग्राम बगरई खुर्द, थाना खुर्जा देहात, बुलंदशहर) के रूप में हुई है। पुलिस ने तत्काल उसे उपचार हेतु सीएचसी खुर्जा में भर्ती कराया है।बरामदगी:01 अवैध तमंचा (315 बोर)01 जिंदा कारतूस व 02 खोखा कारतूस01 बिना नंबर प्लेट की बुलेट बाइक




अंकुर चौधरी हत्याकांड से जुड़ा है मामलाउल्लेखनीय है कि 20 अगस्त 2026 को अभियुक्त चेतन ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर अंकुर चौधरी नाम के युवक पर प्राणघातक हमला किया था। दौरान-ए-इलाज 29 अगस्त 2026 को अंकुर की मौत हो गई थी। इस मामले में थाना खुर्जा नगर पर हत्या (BNS धारा 103(1) व अन्य गंभीर धाराओं) के तहत मुकदमा दर्ज था।एसएसपी बुलंदशहर द्वारा फरार चेतन पर ₹25,000 का इनाम घोषित किया गया था। इस मामले में पुलिस 01 अभियुक्त को पहले ही मुठभेड़ में और 02 अन्य को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
कार्रवाई करने वाली बहादुर पुलिस टीमइस संयुक्त ऑपरेशन को अंजाम देने में प्रभारी निरीक्षक रामफल सिंह (थाना खुर्जा नगर) तथा स्वाट टीम देहात प्रभारी लोकेश अग्निहोत्री के नेतृत्व में उप-निरीक्षक तजेन्द्रपाल सिंह, शुभम चौधरी, सुमित पांडे, हेड कांस्टेबल कुलदीप पुंडीर, कुर्बान चौहान, विवेक कुमार, जितेश और स्वाट टीम के जवानों की मुख्य भूमिका रही।पुलिस का कहना है कि अभियुक्त का लंबा आपराधिक इतिहास है। प्राथमिक उपचार और विधिक कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद अभियुक्त को न्यायालय के समक्ष पेश किया जाएगा।












