बुलंदशहर :
रिपोर्ट दीपक चौहान
पहासू (बुलंदशहर)। बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय पर हो रहे निरंतर हमलों और अत्याचार के विरोध में उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जिले में भारी रोष देखने को मिल रहा है। शनिवार को कस्बा पहासू में सनातन रक्षा वाहिनी के कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर उतरकर अपना विरोध दर्ज कराया और बांग्लादेश का पुतला दहन किया।
शव यात्रा निकालकर जताया विरोध
सनातन रक्षा वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रिंस जादोन के नेतृत्व में दर्जनों कार्यकर्ताओं ने कस्बे के ऐतिहासिक मठ मंदिर से एक विरोध प्रदर्शन यात्रा (शव यात्रा) शुरू की। यह यात्रा कस्बे के मुख्य मार्गों से होते हुए अलीगढ़ बस अड्डे तक पहुंची। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने बांग्लादेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और वहां हो रही हिंसा को तत्काल रोकने की मांग की।
कट्टरपंथी विचारधारा पर साधा निशाना
पुतला दहन के उपरांत जनसभा को संबोधित करते हुए प्रिंस जादोन ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा:”बांग्लादेश में हमारे हिंदू भाई-बहनों के साथ जो बर्बरता हो रही है, उसे अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह एक छोटी सी पहल है, जिसे अब बड़े आंदोलन का रूप दिया जाएगा।”उन्होंने भारत सरकार से अपील करते हुए आगे कहा कि देश के भीतर छिपे कट्टरपंथी और जिहादी सोच रखने वाले तत्वों पर भी कड़ी निगरानी रखी जाए और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई कर उन्हें उनकी सही जगह दिखाई जाए।
सुरक्षा के रहे कड़े इंतजाम
विरोध प्रदर्शन की संवेदनशीलता को देखते हुए पहासू थाना पुलिस बल मौके पर मुस्तैद रहा।






पुलिस की मौजूदगी में ही शव यात्रा निकाली गई और शांतिपूर्ण तरीके से पुतला दहन संपन्न हुआ। इस दौरान स्थानीय लोगों का भी भारी समर्थन देखने को मिला।










