चकिया, चंदौली | रिपोर्टर: राज कुमार सोनकर
जनपद के चकिया थाना क्षेत्र के ग्राम पचफेड़िया में चुनावी रंजिश और भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाना एक ग्रामीण को भारी पड़ गया। वर्तमान ग्राम प्रधान पर जानलेवा हमले की साजिश रचने और घर में घुसकर धमकाने का गंभीर आरोप लगा है, जिसके बाद से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।
मुख्य घटनाक्रम: देर रात दरवाजे पर दी दबिशपीड़ित महेंद्र सिंह द्वारा पुलिस को दी गई तहरीर के अनुसार, घटना 9 अप्रैल 2026 की रात लगभग 9:30 बजे की है। आरोप है कि ग्राम प्रधान राजकुमार यादव अपने तीन अज्ञात साथियों के साथ एक चारपहिया वाहन से पीड़ित के घर पहुंचे। वहां उन्होंने न केवल अभद्र भाषा का प्रयोग किया, बल्कि पीड़ित को बाहर निकलने की चुनौती देते हुए अपने साथियों को गोली मारने के लिए उकसाया।
विवाद की जड़: भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाजमहेंद्र सिंह का कहना है कि वे गांव में हो रहे कथित भ्रष्टाचार और अवैध कार्यों का विरोध करते रहे हैं। इसी रंजिश के कारण प्रधान उनसे खुन्नस रखता था।”प्रधान और उसके साथियों ने घर के बाहर खड़े होकर खुलेआम जान से मारने की धमकी दी। उन्होंने कहा कि इस बार बच गए, लेकिन अगली बार नहीं बचोगे।” — पीड़ित महेंद्र सिंह ग्रामीणों की सक्रियता से टला बड़ा हादसातहरीर में उल्लेख है कि शोर-शराबा सुनकर पड़ोस के अनिल प्रजापति और राकेश समेत कई ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। ग्रामीणों की भीड़ जुटती देख आरोपी मौके से फरार हो गए। घटना के तुरंत बाद पीड़ित ने शिकारगंज चौकी और चकिया कोतवाली को फोन पर सूचित किया।
पुलिसिया कार्रवाई और जांच की स्थितिमामले की गंभीरता को देखते हुए चकिया पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी अर्जुन सिंह ने स्पष्ट किया है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।









